शुक्रवार, 14 नवंबर 2014

विष्णु स्वरूप

ऋगवेद में विष्णु की महिमा वर्णन करते हुये कहा गया है कि संसार की रचना करने के बाद वह स्वयं उसमें प्रवेश कर गये । वह संसार के नियंत्रक हैं और उसी संसार में समाये हुये हैं । विष्णु अपने अस्तित्व को परम् सत्य में समाहित रूप में रखते हैं । 

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